 |
(फोटो- अशोक व्यास) |
जीवन है बस सार तुम्हारा
पग पग पर आधार तुम्हारा
तुम मस्ती अनंत वैभव की
खेले मुझसे प्यार तुम्हारा
हर पथ पर त्यौहार तुम्हारा
अमृतमय संसार तुम्हारा
देख-देख कर अनुभव अपने
छू लेता उजियार तुम्हारा
अशोक व्यास
न्यूयार्क, अमेरिका
२२ सितम्बर २०११
2 comments:
अहा, अद्भुत।
साधु-साधु
Post a Comment