Sunday, June 14, 2015
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सुंदर मौन की गाथा
है कुछ बात दिखती नहीं जो पर करती है असर ऐसी की जो दीखता है इसी से होता मुखर है कुछ बात जिसे बनाने बैठता दिन -...
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1 एक बूँद अमृत मेरी हथेली पर रख कर देखा उसने मुझे उसके देखे से अमृतमय हो गई साँसे २ तुम मुझे पकड़ना चाहते हो खिलखिलाया वह फिर तो मेरा...
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है कुछ बात दिखती नहीं जो पर करती है असर ऐसी की जो दीखता है इसी से होता मुखर है कुछ बात जिसे बनाने बैठता दिन -...
